PGDCA कोर्स की जानकारी हिंदी में

हर जगह पर कंप्यूटर कोर्स का ज्यादा उपयोग किया जा रहा है| यदि आप लोग भी PGDCA Course करना चाहते हैं तो यह आपको नौकरी करने में बहुत काम आएगा |यदि आप हाल ही में ग्रेजुएशन की है |तो और आप भी कंप्यूटर के क्षेत्र में बेहतर करियर बनाना चाहते हैं तो यह विकल्प आपके लिए बहुत ही बेहतर साबित होगा

हर जगह पर कंप्यूटर कोर्स का ज्यादा उपयोग किया जा रहा है| यदि आप लोग भी PGDCA Course करना चाहते हैं तो यह आपको नौकरी करने में बहुत काम आएगा |यदि आप हाल ही में ग्रेजुएशन की है |तो और आप भी कंप्यूटर के क्षेत्र में बेहतर करियर बनाना चाहते हैं तो यह विकल्प आपके लिए बहुत ही बेहतर साबित होगा

PGDCA का फुल फॉर्म :

इसका पूरा नाम Post Graduate Diploma In Computer Application होता है |

इसे हिंदी में कंप्यूटर एप्लीकेशन में पोस्ट ग्रेजुएशन डिप्लोमा कहते है |

कैसे करें :

पीजीडीसीए (PGDCA) उन स्नातक के छात्रों के लिए बनाया गया है|

जो छात्र कंप्यूटर एप्लीकेशन में रुचि रखते हैं छात्रों को कंप्यूटर एप्लीकेशन में प्रोफेशनल ज्ञान प्राप्त करने की अनुमति देता है |भारत में यह कोर्स 1 साल का होता है जिससे कोई भी छात्र ग्रेजुएशन कंप्लीट होने के बाद कर सकता है|

चाहे आप किसी भी विषय में ग्रेजुएशन किए किए हैं आप PGDCA कोर्स कर सकते हो

इस पाठ्यक्रम में 6 महीने के 2 सेमेस्टर होते हैं प्रथम सेमेस्टर में कंप्यूटर भाषा की पढ़ाई की जाती है |और उसके दूसरे सेमेस्टर की बात करें तो इसमें छात्रों को Project Work दिया जाता है |यदि आप लोग Computer के field में करियर बनाना चाहते हैं जैसे Computer Operator & Programmer में तो आप इस कोर्स को कर सकते हैं |

PGDCA करने के लिए योग्यता (Eligibility For PGDCA):

भारत में कंप्यूटर एप्लीकेशन में पोस्ट ग्रेजुएशन डिप्लोमा कराया जाता है जो 1 साल का होता है जिसके लिए आप लोगो की न्यूनतम योग्यता 10वीं और 12वीं पास और किसी भी क्षेत्र में ग्रेजुएशन की डिग्री होनी चाहिए |

यदि आप ग्रेजुएशन करने के बाद एक अच्छी नौकरी की तलाश में है तो पीजीडीसीए (PGDCA) कोर्स बेहतर है|

सिलेबस:

जो भी छात्र PGDCA का कोर्स करने में इच्छुक हैं तो वह एडमिशन के पहले इसके सिलेबस के बारे में जानकरी अवश्य देखें और ध्यान रहे कि सभी विश्वविद्यालय की PGDCA के सब्जेक्ट का सिलेबस भिन्न भिन्न हो सकते हैं

जबकि कुछ के समान होते हैं PGDCA का सिलेबस कुछ इस प्रकार से हैं :

  • Programming VB.NET
  • Information Technology
  • Internet and E – Commerce
  • Web Page Designing
  • Software Development
  • Database Management System (DBMS )
  • Operating System (OS )
  • Window doc
  • Communication Skill
  • Project Work
  • Fundamental Of Computer
  • MS Access
  • Tally
  • MS Access

Admission Process Of PGDCA :

भारत में PGDCA प्रवेश आमतौर पर योग्यता के माध्यम से सीधे इस पाठ्यक्रम के लिए जाने के इच्छुक किसी भी छात्र को अपने स्नातक स्तर की पढ़ाई के लिए पेश किया जाता है।.

PGDCA प्रवेश के कुछ बातें निम्नलिखित हैं:।

इस पाठ्यक्रम के लिए प्रवेश की अवधि अप्रैल से जून के महीने तक है।.

कोई उन कॉलेजों और विश्वविद्यालयों की जांच कर सकता है जो आवेदन के लिए इस पाठ्यक्रम की पेशकश करते हैं।.

शैक्षणिक प्रमाण पत्र, पहचान साबित, आदि और शुल्क के भुगतान जैसे आवश्यक दस्तावेजों को अपलोड करने के बाद पंजीकरण और आवेदन की प्रक्रिया के माध्यम से प्राप्त करेंशॉर्टलिस्ट किए गए उम्मीदवारों को लोकप्रिय कॉलेजों जैसे डीएवी कॉलेज, मद्रास क्रिश्चियन कॉलेज, आदि द्वारा व्यक्तिगत साक्षात्कार और लिखित टेस्ट जैसे राउंड के लिए उपस्थित होने की आवश्यकता हो सकती है।.एक बार सभी राउंड क्लियर हो जाने के बाद, उम्मीदवारों को PGDCA में प्रवेश और नामांकन की पेशकश की जाती है।

Fees :

यदि हम PGDCA course के फीस के बारे में बतायें तो इसकी फीस किसी को भी सही तरीके से पता नहीं चल पाता है क्योकिं हर एक institute या कॉलेज की फीस अलग -अलग होती है |फीस उनकी सुविधा पर निर्भर करती है की सुविधा कैसी है | यदि आप PGDCA computer course की फीस की सटीक और सही जानकारी चाहिए तो आप अपने नजदीकी institute या college में जाकर पता कर लें तो बढ़िया रहेगा |

अब हम आप लोगो को कुछ institute के फीस के बारे में बताते है :

Indira Gandhi National Open University (IGNOU)

यह institute New Delhi में स्थित है अगर इसमें PGDCA course फीस की बात करे तो इसकी फीस लगभग 21,600 रूपये एक साल में लगती है|

Jaipur National University:

इस university की फीस लगभग 84,000 रूपये एक साल की हैं यह राजस्थान के जयपुर शहर में स्थित है |

Jamia Millia Islamia :

यह university New Delhi में स्थित है इसमें PGDCA course की फीस लगभग 7,700 रूपये वार्षिक लगती है |

PGDCA करने के बाद क्या करें :

दोस्तों यदि आप PGDCA Computer course को पूरा कर लिया है

तो आपको कैरियर बनाने के लिए बहुत से रास्ते खुल जाते हैं|

PGDCA करने के बाद आप विभिन्न क्षेत्रों में जॉब कर सकते हैं जैसे:

  • Computer Operator
  • Office Assistance
  • Data Entry Operator
  • Software Developer & Trainer
  • Database Manager
  • Computer Teacher

Data Computer Operator:

डेटा एक ऐसी संग्रहित फाइल होती है जिसमे आप जब चाहे पुराने records को देख सकते हैं |

इस प्रकार से डेटा का कार्य होता है

यदि हम डेटा के प्रकार की बात करें तो डेटा कुछ इस प्रकार से होते हैं :

  • संख्य्तामक डेटा (Numeric Data ):इस डेटा को लिखने के लिए MS Excel की knowledge होना जरूरी है |
  • अक्षर डेटा (Words Data) : इस डेटा की लिखने के लिए आप को कंप्यूटर में MS Words का knowledge होनी जरूरी है
  • अक्षर संख्यात्मक डेटा
  • ध्वनि डेटा (Voice Data )
  • रेखाचित्र डेटा (Graphic Data ) इस डेटा को present करने के लिए आप के पास Power Point की ज्ञान होना आवश्यक होता है |
  • चलचित्र डेटा (Video Data )
  • ये सब knowledge होना जरूरी होता है data entry operator का कम करने के लिए |और इसमें typing speed अच्छी होनी चाहिए

Office Assistance :

  • यदि आप ऑफिस असिस्टेंस की जॉब करते हैं तो आप इसमें call को attend करना पड़ेगा और सही व्यक्ति को forward करना पड़ता है |
  • मीटिंग रूम को मेन्टेन करना |मीटिंग start होने से पहले आप को चीजो को प्रॉपर तरीके से रखना होता है इसमें कई बार कुछ equipment होते है जैसे टेलीविजन ,प्रोजेक्टर इनको मैनेज करना और मेन्टेन करना और उनकी समय से सर्विसिंग करवाना पड़ता है |
  • ऑफिस में आने वाले visitor को attend करना और उन्हें बैठाना और उनकी मीटिंग सही व्यक्ति से करवाना ये काम भी ऑफिस असिस्टेंस का होता है |
  • ऑफिस असिस्टेंस को एक चीज में हेल्प करनी पड़ती है जैसे कुछ चीजो का स्कैनिग ,फोटोकॉपी, फैक्स ,फाइलिंग जैसे काम करना पड़ता है |
  • विक्रेताओ को संभालना (Manage Vendors / Suppliers )

Software Engineer & Trainer:

सॉफ्टवेर Engineer का काम software को बनाना होता है software engineer मुख्य रूप से software को बनाते है यानि की उन्हें develop करते हैं इसीलिए इन्हें Software Developer भी कहते हैं |software engineer अपने प्रोग्रामिंग लैंग्वेज के थ्रू software को develop करते है और समय पर software को अपडेट भी करते हैं |सॉफ्टवेयर इंजीनियर कई प्रकार के समाधान बनाते हैं जैसे डेस्कटॉप और वेब एप्लिकेशन, मोबाइल ऐप, गेम, रोबोट, ऑपरेटिंग सिस्टम, नेटवर्क सिस्टम आदि।. वे एक विचार को अंतिम उत्पाद में बदलने के लिए प्रोग्रामिंग भाषाओं, रूपरेखा, डेटाबेस, सर्वर और अन्य तकनीकों का उपयोग करते हैं।.

दोस्तों भाई मैंने पीजीडीसीए कंप्यूटर कोर्स के बारे में जानकारी दिया है मैं उम्मीद करता हूं कि आप लोगों को यह जानकारी अच्छी लगी होगी |

आप लोगों को इस कोर्स से रिलेटेड जो भी चीज समझ में नहीं आप मुझे कमेंट बॉक्स में कमेंट करके पूछ सकते हैं और भी ऐसे कंप्यूटर कोर्स

Leave a Comment